Breaking News

हाट-बाजारों में ग्रामीणों को मिले नियमित स्वास्थ्य सेवाएं-मुख्यमंत्री

स्वास्थ्य सुविधा को सुदृढ़ बनाने राशि की कमी नहीं
कोरोना की तीसरी लहर के प्रबंधन की करें बेहतर व्यवस्था
रायपुर (संवाददाता)। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आज यहां अपने निवास कार्यालय में आयोजित स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक में ग्रामीण अंचल में लोगों को सहजता से स्वास्थ्य सेवाएं मुहैया कराने के उद्देश्य से हाट-बाजार क्लिनिक योजना का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राज्य के सुदूर ग्रामीण अंचल के हाट-बाजारों में नियमित रूप मेडिकल टीम जाए, लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण एवं उपचार हो, उन्हें नि:शुल्क दवाएं मिले। इसके लिए पर्याप्त प्रबंध किया जाना चाहिए। मुख्यमंत्री ने हाट-बाजार क्लिनिक के लिए आवश्यकतानुसार चिकित्सकों एवं स्वास्थ्य कर्मियों की भर्ती तथा एम्बुलेंस वाहन का इंतजाम करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि हाट-बाजार क्लिनिक योजना को सुदृढ़ करने से कोरोना महामारी के नियंत्रण में भी मदद मिलेगी। मुख्यमंत्री ने बैठक में कोरोना की तीसरी लहर की रोकथाम के लिए राज्य में की जा रही स्वास्थ्यगत तैयारियों की भी गहन समीक्षा की और कहा कि इसके लिए फंड की कमी नहीं होगी। बैठक में स्वास्थ्य मंत्री टी.एस. सिंहदेव, कृषि एवं जल संसाधन मंत्री रविन्द्र चौबे, मुख्य सचिव अमिताभ जैन, अपर मुख्य सचिव सुब्रत साहू, प्रमुख सचिव स्वास्थ्य डॉ. आलोक शुक्ला एवं सचिव सु सहला निगार, विशेष सचिव सी.आर. प्रसन्ना, एन.एच.एम. की संचालक डॉ. प्रियंका शुक्ला, सीजीएमएससी के प्रबंध संचालक कार्तिकेय गोयल सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री ने बैठक में कांकेर, कोरबा एवं महासमुंद में मेडिकल कॉलेज के भवन निर्माण, चिकित्सा उपकरण सहित चिकित्सकों एवं स्वास्थ्य कर्मियों की भर्ती की स्थिति की भी समीक्षा की। बैठक में चन्दूलाल चन्द्राकर स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय के अधिग्रहण की प्रक्रिया को तेजी से पूरा करने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए गए। मुख्यमंत्री ने राज्य के सभी शासकीय चिकित्सालयों में मरीजों को नि:शुल्क दवाएं उपलब्ध कराने तथा हॉस्पिटल परिसर के पास जेनेरिक दवाओं की दुकान के संचालन की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा। सीजीएमएससी के माध्यम से चिकित्सालयों में अधोसंरचना के निर्माण कार्यों को समय-सीमा में गुणवत्ता के साथ पूरा कराने के लिए तकनीकी अधिकारियों की कमी को प्रतिनियुक्ति के माध्यम से पूरा करने के निर्देश दिए गए।
मुख्यमंत्री ने कोरोना की तीसरी लहर की रोकथाम के लिए जिला चिकित्सालयों से लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों में ऑक्सीजन बेड, आईसीयू बेड, वेंटिलेटर, ऑक्सीजन सप्लाई के लिए प्लांट, ऑक्सीजन सिलेण्डर आदि की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में खूबचंद बघेल आयुष्मान भारत योजना का राज्य के लोगों को लाभ सुनिश्चित करने के संबंध में आवश्यक कार्यवाही के भी निर्देश दिए गए। बैठक में जानकारी दी गई कि जिला चिकित्सालयों, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों सहित 179 शासकीय चिकित्सालयों में ओटी, लेबर रूम, ब्लड बैंक एवं हमर लैब की स्थापना सहित कोरोना की तीसरी लहर की रोकथाम के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं। मुख्यमंत्री ने आवश्यकतानुसार यहां मेडिकल स्टाफ की व्यवस्था के भी निर्देश दिए। बैठक में नर्सिंग होम एक्ट में छूट की मांग को लेकर चर्चा की गई।
बैठक में जानकारी दी गई कि कोरोना पीडि़तों के इलाज के लिए बीते छह माह में वेंटीलेटर की संख्या 280 से बढ़कार 723, आईसीयू बेड 406 से बढ़कर 629, ऑक्सीजन कांसंट्रेटर 1061 से बढ़कर 5142, ऑक्सीजन सिलेण्डर 5203 से बढ़कर 14,744, ऑक्सीजन प्लांट 6 से बढ़कर 23 तथा मल्टी पैरा मॉनिटर की संख्या 624 से बढ़कर 1124 हो गई है। कोरोना की तीसरी लहर के मद्देनजर सभी पीएचसी में 5 ऑक्सीजन कांसंट्रेटर, 15 ऑक्सीजन बेड, 15 जंबो सिलेण्डर, 4 आईसीयू बेड की व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है। सभी जिला चिकित्सालयों में ऑक्सीजनयुक्त बिस्तर, 30 आईसीयू बेड वेंटीलेटर सहित 2 शिशु वेंटीलेटर तथा ऑक्सीजन आपूर्ति की जा रही है। इसी तरह चिकित्सा महाविद्यालयों में भी आवश्यक व्यवस्थाएं की जा रही हैं।
0

Check Also

ByCasino Giris 5000 TL Hosgeldin Bonusu ile Basarıya Ulasın

Resmi site özellikleri ByCasino’nun resmi sitesinin tasarımı mavi tonlarda yapılmıştır. Görünüm çok çekici ve şık …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *