Breaking News
ram mandir

अयोध्या: २०० फीट नीचे डाला जाएगा टाइम कैप्सूल राम मंदिर की नींव में ,जानिए वजह

ram mandir

मंदिर नींव में टाइम कैप्सूल भी डाला जाएगा. यह टाइम कैप्सूल मंदिर की नींव में २०० फीट नीचे डाला जाएगा. इसे काल पत्र कहा जा रहा है. इस काल पत्र में जो जानकारी डाली जाएगी, उसे ताम्र पत्र पर लिखकर डाला जाएगा.
नींव में २०० फीट नीचे डाला जाएगा टाइम कैप्सूलताम्र पत्र में सहेजी होंगी मंदिर से जुड़ी जानकारियां
अयोध्या में राम मंदिर निर्माण की तैयारियां जोरों पर हैं. ५ अगस्त को होने वाले मंदिर निर्माण के लिए भूमि पूजन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भी शामिल होने का कार्यक्रम फाइनल हो गया है. भूमि पूजन के लिए पवित्र नदियों का जल और तीर्थ स्थलों की पवित्र मिट्टी लाने का सिलसिला भी शुरू हो गया है. राम मंदिर की नींव में एक मन (४० किलो) की चांदी की शिला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्थापित करने वाले हैं.

उज्जैन से भस्म, सीतामढ़ी के पांच मंदिरों से राम मंदिर भूमि पूजन के लिए भेजी गई मिट्टी

अब खबर है कि मंदिर नींव में टाइम कैप्सूल भी डाला जाएगा. यह टाइम कैप्सूल मंदिर की नींव में २०० फीट नीचे डाला जाएगा. इसे काल पत्र कहा जा रहा है. इस काल पत्र में जो जानकारी डाली जाएगी, उसे ताम्र पत्र पर लिखकर डाला जाएगा. राम मंदिर आंदोलन से जुड़े लोगों का कहना है कि राम जन्मभूमि के इतिहास को सिद्ध करने के लिए जितनी लंबी लड़ाई सेशन कोर्ट से लेकर सर्वोच्च अदालत तक लड़नी पड़ी है, वैसी स्थिति भविष्य में फिर कभी दोबारा ना आए, इसके लिए ही टाइम कैप्सूल डालने का निर्णय लिया गया है.

capsule time

क्या होता है टाइम कैप्सूल?

टाइम कैप्सूल धातु के एक कंटेनर की तरह होता है, जिसे विशिष्ट तरीके से बनाया जाता है. टाइम कैप्सूल हर तरह के मौसम और हर तरह की परिस्थितियों में खुद को सुरक्षित रखने में सक्षम होता है. उसे जमीन के अंदर काफी गहराई में रखा जाता है.
काफी गहराई में होने के बावजूद भी न तो उसको कोई नुकसान पहुंचता है, और ना ही वह सड़ता-गलता है. कहीं भी टाइम कैप्सूल डालने का मकसद किसी समाज, काल या देश के इतिहास को सुरक्षित रखना होता है. ताकि भविष्य की पीढ़ी को किसी खास युग, समाज और देश के बारे में जानने में मदद मिल सके.

Check Also

Kazanç odaklı oyuncular için casino Alev önerileri

Content Kazanç imkânları Bonus ve promosyon yapısı AlevCasino Üzerindeki Giriş ve Kayıt Süreçleri 2. Kimlik …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *